अर्पित सिंह श्रीवास्तव ! सुबहान अल्लाह रिपोर्ट
अम्बेडकरनगर जिले की टांडा तहसील क्षेत्र अंतर्गत सलारपुर राजौर के दर्जनभर निवासियों में शामिल रामनयन, अंजनी, उषा देवी, राजीतराम, प्रियांशु प्रजापति, रामपूजन आदि ने प्रार्थना पत्र देते हुए उपजिलाधिकारी डॉ श्री शशि शेखर से से उल्लिखित कर बताया कि हम सभी उक्त भूमि के पट्टाधारक है और सलारपुर व माझा नैपुरा के बीच अरता पूर्व में ग्राम प्रधान नैपुरा व ग्राम प्रधान सलारपुर व अन्य ग्रामवासी नैपुरा व सलारपुर के उपस्थित में लगभग छः लठ्ठा चौड़ा रास्ता निकाला गया था। उक्त रास्ते के पश्चिम नैपुरा तथा पूरब माझा सलारपुर सीमा को मानते हुए ग्रामवासी काबिज हुए थे। परंतु ग्राम नैपुरा (शाहपुर) के दबंग किस्म के लोगों द्वारा को क्षतिग्रस्त करते हुए ग्राम मांझा सलारपुर की ख़ौतौनी की भूमि पर अवैध रूप से कब्जा कर अतिक्रमण किया जा रहा हैं। दर्जनभर ग्राम वासियों ने उपजिलाधिकारी डॉ शशि शेखर से बताया कि पट्टाधारक की खतौनी भूमि पर अवैध कब्जा किए जाने के बाबत विरोध करने पर दबंग किस्म के लोगों द्वारा जबरन कब्जा करने का प्रयास किया जा रहा हैं। और दबंगों द्वारा धमकी भरे अंदाज में आमादा फौजदारी करने पर जबरियां उतर जाते हैं, ग्राम वासियों ने उपजिलाधिकारी डॉ शशि शेखर से यह भी बताया कि पूर्व में उक्त सीमांकन के विवाद की सूचना समाधान दिवस व जनता दर्शन के दौरान भी प्रार्थना पत्र देते हुए उच्च अधिकारियों से अवगत कराया गया था लेकिन कार्रवाई नहीं हुई थी। हालांकि अब नैपुरा व सलारपुर के बीच उत्पन्न सीमांकन के विवाद को लेकर उक्त प्रकरण में दर्जनभर ग्राम वासियों ने उपजिलाधिकारी टांडा डॉ शशि शेखर से मुलाकात कर अपनी व्यथा व्यक्त किया और उन्होंने बुधवार 25 दिसंबर को पीड़ित ग्रामवासियों के समस्या को गंभीरता पूर्वक सुना जिसके बाद उन्होंने उन पीड़ितों को टीम गठित कर समस्या का जल्द समाधान निकालने की कवायद शुरू करने का आश्वासन दिया। दरअसल उनके इस मानवीय व्यवहार और सरलता को देखकर ग्रामवासियों में शामिल लोगो ने उनकी लोकप्रियता और प्रशासनिक कार्यालक्षता की प्रशंसा तहसील प्रांगण में पत्रकारों के बीच किया।



